Breaking News

शनिवार को वरुथिनी एकादशी, विष्णुजी के साथ ही करें शनि की भी पूजा

शनिवार, 18 अप्रैल को वैशाख मास के कृष्ण पक्ष की एकादशी है। इसे वरुथिनी एकादशी कहा जाता है। इस दिन भगवान विष्णु की कृपा पाने के व्रत और पूजा-पाठ की जाती है। उज्जैन के ज्योतिषाचार्य पं. मनीष शर्मा के अनुसार शनिवार और एकादशी के योग में भगवान विष्णु के साथ ही शनिदेव की भी पूजा करनी चाहिए। जानिए इस एकादशी पर कौन-कौन से शुभ काम किए जा सकते हैं...

भगवान विष्णु के मंत्र का करें जाप

एकादशी पर भगवान विष्णु के मंत्र ऊँ नमो भगवते वासुदेवाय का जाप 108 बार करें। विष्णुजी के साथ ही महालक्ष्मी की पूजा करें। दक्षिणावर्ती शंख में केसर मिश्रित दूध भरें और अभिषेक करें। विष्णुजी के पीले वस्त्र चढ़ाएं। श्रीकृष्ण को माखन-मिश्री का भोग लगाएं।

शनिदेव को चढ़ाएं तेल

शनिवार और एकादशी के योग में भगवान विष्णु के साथ ही शनिदेव की भी विशेष पूजा करें। इस दिन काले तिल का दान करना चाहिए। जरूरतमंद लोगों को धन, तेल, अन्न, छाते का और जूते-चप्पल का दान करें। शनिदेव के सामने सरसों के तेल का दीपक जलाएं और ऊँ शं शनैश्चराय नम: मंत्र का जाप 108 बार करें।

एकादशी पर सुबह जल्दी उठें

जो लोग एकादशी पर व्रत करते हैं, उन्हें एकादशी पर सुबह जल्दी उठ जाना चाहिए। स्नान के बाद सूर्य को जल चढ़ाएं। माता-पिता का आशीर्वाद लें। व्रत करने वाले व्यक्ति को इस दिन अन्न ग्रहण नहीं करना चाहिए, फलाहार करना चाहिए।



Download Dainik Bhaskar App to read Latest Hindi News Today
Saturday, 18 april Varuthini Ekadashi, ekadashi puja vidhi, how to worship to lord vishnu and shani


from Dainik Bhaskar https://ift.tt/2xtGsic

No comments